Dry Fruits Alert: दिवाली पर ड्राई फ्रूट खरीदने से पहले जान लें ये 7 जरूरी बातें, वरना सेहत को हो सकता है नुकसान
दिवाली के त्योहार में घरों की रौनक के साथ मिठाइयों और मेवों की खरीदारी भी बढ़ जाती है। काजू, बादाम, पिस्ता, अखरोट और किशमिश जैसे ड्राई फ्रूट अब केवल मेहमानों की खातिरदारी तक सीमित नहीं हैं, बल्कि इन्हें परिवार की रोजमर्रा की डाइट का हिस्सा भी माना जाता है। लेकिन बाजार में आकर्षक पैकिंग, चमकदार रंग और सस्ते ऑफर के बीच अच्छी गुणवत्ता वाले मेवे चुनना आसान नहीं है।
अक्सर ग्राहक ड्राई फ्रूट की चमक और एक जैसे आकार को उसकी गुणवत्ता का प्रमाण मान लेते हैं। जबकि वास्तविकता यह है कि किसी उत्पाद की अच्छी दिखावट और उसकी ताजगी हमेशा एक जैसी बात नहीं होती। गलत तरीके से स्टोर किए गए या बासी मेवे भी बाहर से अच्छे दिखाई दे सकते हैं। इसलिए त्योहारों की खरीदारी में स्वाद के साथ खाद्य सुरक्षा पर ध्यान देना भी जरूरी है।
चमकदार ड्राई फ्रूट हमेशा अच्छी क्वालिटी के नहीं होते
बाजार में रखे काजू, बादाम और पिस्ते का रंग देखकर उनकी गुणवत्ता का अंदाजा लगाना आम बात है। लेकिन जरूरत से ज्यादा चमकदार या असामान्य रूप से एक जैसे दिखने वाले मेवों को देखकर तुरंत भरोसा नहीं करना चाहिए।
प्राकृतिक ड्राई फ्रूट में आकार, रंग और सतह को लेकर थोड़ा अंतर हो सकता है। हालांकि, केवल चमक या रंग के आधार पर किसी उत्पाद को मिलावटी घोषित भी नहीं किया जा सकता। खरीदारी करते समय उसकी गंध, बनावट, साफ-सफाई और भंडारण की स्थिति को भी जांचना चाहिए।
इन 7 तरीकों से पहचानें अच्छे और ताजे ड्राई फ्रूट
1. रंग और सतह पर ध्यान दें: काजू, बादाम और पिस्ते में असामान्य रंग परिवर्तन, काले धब्बे या फफूंद जैसे निशान दिखाई दें तो उन्हें न खरीदें। सामान्य प्राकृतिक रंग में थोड़ा अंतर होना अपने आप में खराब गुणवत्ता का संकेत नहीं है।
2. गंध से समझें ताजगी: अच्छे मेवों में सामान्य हल्की प्राकृतिक खुशबू होती है। अगर बादाम, अखरोट या काजू से बासी तेल, खट्टी या सीलन जैसी गंध आ रही है, तो यह खराब होने का संकेत हो सकता है।
3. बनावट की जांच करें: मेवे बहुत ज्यादा नरम, गीले या असामान्य रूप से चिपचिपे नहीं होने चाहिए। किशमिश और खजूर में प्राकृतिक नरमी सामान्य है, लेकिन असामान्य नमी या फफूंद से सावधान रहें।
4. टूटे और खराब टुकड़ों पर नजर रखें: पैकेट या खुले कंटेनर में बहुत अधिक टूटे हुए टुकड़े, धूल, कीड़े या जाले दिखाई दें तो खरीदारी से बचें।
5. स्टोरेज की स्थिति देखें: दुकान पर ड्राई फ्रूट खुले में धूल, नमी और गर्मी के संपर्क में रखे हों तो उनकी गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है। साफ और ढके हुए कंटेनर में रखे उत्पादों को प्राथमिकता दें।
6. पैकेट की जानकारी पढ़ें: पैक्ड मेवे खरीदते समय निर्माण और पैकिंग की तारीख, एक्सपायरी या बेस्ट बिफोर डेट, सामग्री, बैच नंबर, निर्माता की जानकारी और FSSAI लाइसेंस विवरण जरूर देखें। फ्लेवर्ड या प्रोसेस्ड ड्राई फ्रूट में अतिरिक्त चीनी, नमक और अन्य सामग्री की जानकारी भी पढ़ें।
7. भरोसेमंद विक्रेता से खरीदें: केवल कम कीमत या आकर्षक ऑफर देखकर बड़ी मात्रा में खरीदारी न करें। ऐसे दुकानदार या ब्रांड को प्राथमिकता दें जहां उत्पाद की गुणवत्ता, पैकिंग और भंडारण को लेकर पारदर्शिता हो।
खुले ड्राई फ्रूट खरीदते समय बरतें ज्यादा सावधानी
खुले में बिकने वाले मेवों की गुणवत्ता जांचना अपेक्षाकृत मुश्किल हो सकता है, क्योंकि उनकी पैकिंग और भंडारण से जुड़ी पूरी जानकारी ग्राहक को नहीं मिलती। ऐसे में खरीदने से पहले उत्पाद को ध्यान से देखना जरूरी है।
काजू या बादाम में बासी तेल जैसी गंध, पिस्ते में फफूंद, किशमिश में असामान्य चिपचिपापन या किसी भी मेवे में कीड़े दिखाई दें तो उसे खरीदने से बचें। संदेह होने पर दुकानदार से उत्पाद की सप्लाई और स्टोरेज के बारे में जानकारी मांगें।
ड्राई फ्रूट में मिलावट से ज्यादा स्टोरेज भी बन सकती है समस्या
ड्राई फ्रूट की गुणवत्ता केवल उसकी खरीद तक सीमित नहीं रहती। इन्हें घर में गलत तरीके से रखने पर भी नुकसान हो सकता है। हवा, नमी, गर्मी और लंबे समय तक खुले रहने से मेवों में मौजूद प्राकृतिक वसा खराब हो सकती है। इससे उनका स्वाद और गंध बदल सकती है।
घर पहुंचने के बाद इन्हें साफ, सूखे और एयरटाइट कंटेनर में रखें। गर्मी और सीधी धूप से दूर रखना बेहतर है। अधिक मात्रा में खरीदने पर जरूरत के अनुसार छोटे हिस्सों में स्टोर करें और खराब गंध या फफूंद नजर आने पर सेवन न करें।
दिवाली की खरीदारी में छोटी सावधानी बचा सकती है बड़ी परेशानी
त्योहारों में परिवार के लिए अच्छी चीजें खरीदने की इच्छा स्वाभाविक है, लेकिन खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर लापरवाही नहीं होनी चाहिए। ड्राई फ्रूट पौष्टिक आहार का हिस्सा हो सकते हैं, मगर उनकी गुणवत्ता, साफ-सफाई और सही भंडारण उतना ही महत्वपूर्ण है।
खरीदारी के दौरान केवल चमक, ब्रांड या कीमत को आधार बनाने के बजाय रंग, गंध, बनावट, पैकिंग और स्टोरेज की जांच करें। याद रखें, एक मिनट की सावधानी से आप खराब उत्पाद खरीदने के जोखिम को काफी हद तक कम कर सकते हैं।




