Parliament Monsoon Session: संसद का मानसूत्र अभी भी जारी है। इस बीच विपक्ष की ओर से तमाम मुद्दों को लेकर प्रदर्शन किया जा रहा है। पेपर लीक को लेकर लाया गया बिल दोनों सदनों में पास हो गया है। वहीं अब विपक्ष ने राम मंदिर में कथित चंदा चोरी के मामले को लेकर भी संसद के बाहर प्रदर्शन किया है। दरअसल, यहां संसद के बाहर पप्पू यादव ने साधु के भेष में प्रदर्शन किया। पप्पू यादव ने सांकेतिक रूप से राम मंदिर में हुए कथित घोटाले का संसद के बाहर चित्रण कर अपना प्रदर्शन जाहिर किया। इस दौरान विपक्ष के कई अन्य सांसद भी मौजूद रहे।
#WATCH | Delhi | Monsoon Session of the Parliament | Opposition MPs including Lok Sabha LoP and Congress MP Rahul Gandhi protest over the issue of alleged Ayodhya Ram Mandir donations embezzlement pic.twitter.com/1BXa6UiUuq
— ANI (@ANI) July 31, 2026
साधु के भेष में बटोरा चंदा
दरअसल, राम मंदिर में कथित चढ़ावा चोरी के मामले को लेकर विपक्ष संसद में चर्चा की मांग कर रहा है। इस मामले को लेकर शुक्रवार को पुर्णिया के सांसद पप्पु यादव ने संसद के बाहर प्रदर्शन किया। पप्पु यादव ने विरोध जताने के लिए साधु के भेष में दानपेटी लेकर संसद पहुंचे। यहां वह पूरी तरह से भगवा वेष में दिखाई दिए। इस दौरान वह चढ़ावा बटोरते नजर आए। वहीं राहुल गांधी ने भी दानपेटी में चढ़ावा चढ़ाकर इस प्रदर्शन में हिस्सा लिया। इस पूरी घटना के दौरान विपक्ष के अन्य नेता पीछे नारेबाजी करते नजर आए। विपक्ष के इस अनोखे प्रदर्शन का वीडियो भी सामने आया है।
रायपुर फैमिली डेथ केस: SIT का बड़ा खुलासा, सट्टेबाजी और 16 लाख के कर्ज ने उजाड़ी पूरी जिंदगी
अमित शाह के खिलाफ प्रदर्शन
बता दें कि इससे पहले एंटी पेपर लीक बिल संसद के दोनों सदनों से पास हो गया है। अब इस बिल को कानून का रूप लेने के लिए केवल राष्ट्रपति की मंजूरी का इंतजार है। हालांकि संसद में जारी हंगामा थमता नजर नहीं आ रहा है। संसद में गृह मंत्री अमित शाह के मुद्दे पर आज भी भारी हंगामे के आसार हैं। विपक्षी सांसदों ने लगातार दूसरे दिन अमित शाह के खिलाफ बैनर लेकर संसद भवन परिसर में प्रदर्शन किया है। आज अमित शाह संसद से गायब क्यों के बैनर के साथ प्रदर्शन हुआ है। पूरा विपक्ष 20 जुलाई को संसद मार्च के दौरान छात्रों के खिलाफ दमन के मुद्दे पर अमित शाह का इस्तीफा मांग रहा है। इस मुद्दे पर कल लोकसभा में कोई कामकाज नहीं हो पाया था।



