नई दिल्ली। भारत के महत्वाकांक्षी गगनयान मिशन की तैयारियों के बीच अंतरिक्ष यात्री दल के सदस्य Shubhanshu Shukla ने अपने प्रशिक्षण और मिशन से जुड़े अनुभव साझा किए हैं। उन्होंने कहा कि गगनयान केवल एक अंतरिक्ष मिशन नहीं, बल्कि भारत के मानव अंतरिक्ष कार्यक्रम के लिए एक ऐतिहासिक और निर्णायक कदम है। उनके अनुसार, यह मिशन भविष्य के अंतरिक्ष अभियानों की मजबूत नींव तैयार करेगा।
कैप्टन शुभांशु शुक्ला ने बताया कि अंतरिक्ष यात्रा के लिए विशेष शारीरिक और मानसिक प्रशिक्षण दिया जा रहा है। प्रशिक्षण के दौरान विभिन्न आपातकालीन परिस्थितियों, माइक्रोग्रैविटी और अंतरिक्ष यान संचालन से जुड़े अभ्यास कराए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि इस मिशन से प्राप्त अनुभव भारत को मानव अंतरिक्ष उड़ानों के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में मदद करेंगे।
उन्होंने यह भी कहा कि गगनयान मिशन देश के युवाओं को विज्ञान, प्रौद्योगिकी और अंतरिक्ष अनुसंधान के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करेगा। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) की इस महत्वाकांक्षी परियोजना को देश की वैज्ञानिक क्षमता और आत्मनिर्भरता का प्रतीक माना जा रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार, मिशन की सफलता भारत को चुनिंदा मानव अंतरिक्ष उड़ान संपन्न देशों की श्रेणी में और मजबूती से स्थापित करेगी।


