नई दिल्ली। देश में आतंकवाद और संगठित अपराध के खिलाफ खुफिया सूचनाओं के आदान-प्रदान को मजबूत बनाने वाले नेशनल इंटेलिजेंस ग्रिड (NATGRID) की सुरक्षा व्यवस्था को और सुदृढ़ किया गया है। केंद्र सरकार ने इसके महत्वपूर्ण परिसरों और संवेदनशील प्रतिष्ठानों की सुरक्षा की जिम्मेदारी केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) को सौंपने का फैसला किया है। इस कदम को राष्ट्रीय सुरक्षा ढांचे को मजबूत करने की दिशा में अहम माना जा रहा है।
NATGRID विभिन्न सरकारी एजेंसियों के बीच सूचनाओं और डेटा के एकीकरण का काम करता है, जिससे आतंकवाद, संगठित अपराध और अन्य सुरक्षा चुनौतियों से निपटने में मदद मिलती है। ऐसे में इसके डेटा सेंटर और कार्यालयों की सुरक्षा बेहद महत्वपूर्ण मानी जाती है। CISF के प्रशिक्षित जवान आधुनिक सुरक्षा उपकरणों और निगरानी प्रणालियों के साथ यहां सुरक्षा मोर्चा संभालेंगे।
विशेषज्ञों का मानना है कि NATGRID जैसे संवेदनशील संस्थान की सुरक्षा बढ़ाने से राष्ट्रीय सुरक्षा तंत्र को अतिरिक्त मजबूती मिलेगी। सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि महत्वपूर्ण सूचनाएं और डिजिटल बुनियादी ढांचा पूरी तरह सुरक्षित रहे तथा किसी भी संभावित सुरक्षा खतरे से प्रभावी ढंग से निपटा जा सके।


