गंगरेल बांध (रविशंकर सागर जलाशय) का आउटफ्लो बढ़ा दिया गया है। लगातार बारिश और जलस्तर बढ़ने के कारण प्रशासन ने 11 सितंबर की रात 10 बजे की स्थिति में बांध से कुल 30 हजार क्यूसेक पानी छोड़ने का फैसला किया। इसमें एनआरबी से एमएमसी की ओर 5 हजार क्यूसेक और महानदी की ओर 25 हजार क्यूसेक पानी प्रवाहित किया जा रहा है। बांध अपनी कुल जलभराव क्षमता के मुकाबले 96.66 प्रतिशत भर चुका है। महानदी के जलस्तर में वृद्धि के कारण आसपास बसे गांवों में अलर्ट जारी किया गया है।
गंगरेल बांध आउटफ्लो बढ़ा: जलस्तर में लगातार वृद्धि
गंगरेल बांध के जलग्रहण क्षेत्र में लगातार पानी की आवक बनी हुई है। जलस्तर बढ़ने के बीच बांध से बड़ी मात्रा में पानी छोड़ा जा रहा है। 11 सितंबर की रात 10 बजे की स्थिति में गंगरेल से कुल 30 हजार क्यूसेक पानी छोड़ने की जानकारी थी।
रात 10 बजे गंगरेल बांध का जलस्तर 348.43 मीटर दर्ज किया गया। इस दौरान बांध में 35,058 क्यूसेक पानी की आवक हो रही थी, जबकि कुल 16,725 क्यूसेक पानी की निकासी दर्ज की गई। बांध अपनी कुल जलभराव क्षमता के मुकाबले 96.66 प्रतिशत भर चुका था।
30 हजार क्यूसेक पानी की निकासी
प्रशासन ने पानी की बढ़ती आवक को देखते हुए निकासी की मात्रा बढ़ाई है। गंगरेल बांध से निम्नलिखित मात्रा में पानी छोड़ा जा रहा है:
कुल आउटफ्लो: 30,000 क्यूसेक
विवरण:
एनआरबी से एमएमसी की ओर: 5,000 क्यूसेक
महानदी की ओर: 25,000 क्यूसेक
पानी की आवक बढ़ने पर निकासी की मात्रा और बढ़ाई जा सकती है। प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है।
गंगरेल बांध आउटफ्लो बढ़ा: अन्य जलाशयों की स्थिति
रात 8 बजे की स्थिति में छत्तीसगढ़ के प्रमुख जलाशयों का जलस्तर इस प्रकार था:
मुरूमसिल्ली जलाशय:
जलभराव: 100 प्रतिशत
पानी की आवक: 6,000 क्यूसेक
गंगरेल बांध:
जलभराव: 96.17 प्रतिशत
पानी की आवक: 23,214 क्यूसेक
दुधावा जलाशय:
जलभराव: 91.80 प्रतिशत
पानी की आवक: 3,225 क्यूसेक
सोढ़ुर जलाशय:
जलभराव: 72.82 प्रतिशत
पानी की आवक: 2,189 क्यूसेक
महानदी किनारे के गांवों में अलर्ट
गंगरेल बांध से बड़ी मात्रा में पानी छोड़े जाने के कारण महानदी के जलस्तर में वृद्धि हुई है। प्रशासन ने महानदी किनारे बसे गांवों में अलर्ट जारी किया है।
जिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन टीम सतर्क है। नागरिकों को नदी के किनारे जाने से बचने की सलाह दी गई है। मछुआरों और नाविकों को विशेष सावधानी बरतने के निर्देश दिए गए हैं।
लगातार बारिश का असर
छत्तीसगढ़ में पिछले कई दिनों से लगातार बारिश हो रही है। मौसम विभाग ने अगले पांच दिनों के लिए मानसून की तीव्र सक्रियता को देखते हुए अलर्ट जारी किया है।
रायपुर, दुर्ग, बिलासपुर और बस्तर संभाग के अधिकांश जिलों में गरज-चमक के साथ मूसलाधार बारिश का यलो अलर्ट लागू है। 13 सितंबर को भी प्रदेश के अनेक स्थानों पर बिजली चमकने के साथ झमाझम बारिश होने की संभावना बनी हुई है।
गंगरेल बांध आउटफ्लो बढ़ा: प्रशासन की तैयारियां
जिला प्रशासन ने स्थिति से निपटने के लिए पूरी तैयारी कर ली है। आपदा प्रबंधन टीम को सतर्क कर दिया गया है।
की गई तैयारियां:
आपदा राहत टीम तैनात
एनडीआरएफ और एसडीआरएफ को अलर्ट
नदी किनारे के गांवों में निगरानी बढ़ाई
हेल्पलाइन नंबर सक्रिय किए गए
नागरिकों के लिए सलाह
प्रशासन ने नागरिकों से निम्नलिखित सावधानियां बरतने की अपील की है:
महानदी किनारे न जाएं:
नदी के किनारे जाने से बचें
मछली पकड़ने न जाएं
नाव संचालन से परहेज करें
सुरक्षित स्थान पर रहें:
निचले इलाकों से दूर रहें
ऊंची जगहों पर आश्रय लें
आपातकालीन सामान तैयार रखें
जरूरी नंबर:
जिला कंट्रोल रूम: 07722-220234
आपदा प्रबंधन: 1077
एनडीआरएफ हेल्पलाइन: 1078
एम्बुलेंस: 108
गंगरेल बांध आउटफ्लो बढ़ा: आगे की स्थिति
मौसम विभाग के अनुसार, अगले 24 घंटों में और बारिश की संभावना है। यदि जलस्तर और बढ़ता है, तो बांध से और अधिक पानी छोड़ा जा सकता है।
प्रशासन लगातार जलस्तर की निगरानी कर रहा है। आवश्यकता पड़ने पर और गांवों में अलर्ट जारी किया जा सकता है। नागरिकों से मौसम अपडेट पर नजर बनाए रखने की अपील की गई है।
FAQs
1. गंगरेल बांध से कितना पानी छोड़ा जा रहा है?
गंगरेल बांध से कुल 30 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है, जिसमें 25 हजार क्यूसेक महानदी की ओर और 5 हजार क्यूसेक एनआरबी से एमएमसी की ओर प्रवाहित किया जा रहा है।
2. बांध कितना भर चुका है?
गंगरेल बांध अपनी कुल जलभराव क्षमता के मुकाबले 96.66 प्रतिशत भर चुका है।
3. बांध का वर्तमान जलस्तर कितना है?
11 सितंबर की रात 10 बजे की स्थिति में बांध का जलस्तर 348.43 मीटर दर्ज किया गया।
4. किन गांवों में अलर्ट जारी किया गया है?
महानदी किनारे बसे गांवों में अलर्ट जारी किया गया है। प्रशासन लगातार स्थिति की निगरानी कर रहा है।
5. आगे और पानी छोड़ा जा सकता है?
जी हां, यदि पानी की आवक बढ़ती है, तो बांध से और अधिक पानी छोड़ा जा सकता है। प्रशासन स्थिति पर नजर बनाए हुए है।
निष्कर्ष
गंगरेल बांध (रविशंकर सागर जलाशय) का आउटफ्लो बढ़ा दिया गया है। 30 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है और बांध 96.66% भर चुका है। महानदी किनारे के गांवों में अलर्ट जारी किया गया है। प्रशासन ने पूरी तैयारी कर ली है और नागरिकों से सावधानी बरतने की अपील की गई है। लगातार बारिश के कारण स्थिति पर कड़ी निगरानी बनाई गई है।



