नई दिल्ली। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की बढ़ती भूमिका को देखते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय ने स्कूलों में AI शिक्षा का दायरा बढ़ाने की तैयारी शुरू कर दी है। इसी क्रम में AI का नया करिकुलम तैयार किया जा रहा है, जिसे शैक्षणिक सत्र 2027-28 से लागू किया जाएगा। इस नए सिलेबस को नेशनल काउंसिल ऑफ एजुकेशनल रिसर्च एंड ट्रेनिंग (NCERT) की 16 सदस्यीय कमेटी तैयार कर रही है।
शिक्षा मंत्रालय के अनुसार, भविष्य में AI की बढ़ती जरूरत को ध्यान में रखते हुए स्कूली शिक्षा में इसे और प्रभावी तरीके से शामिल किया जा रहा है। वर्तमान में कक्षा 9 से 12 तक AI एक विषय के रूप में पढ़ाया जा रहा है और यह व्यवस्था सत्र 2026-27 तक जारी रहेगी। इसके बाद 2027-28 सत्र से कक्षा 11वीं और 12वीं के छात्रों के लिए नया और अपडेटेड AI सिलेबस लागू किया जाएगा। इसके तहत वर्ष 2029 में 12वीं के छात्र पहली बार नए सिलेबस के आधार पर बोर्ड परीक्षा देंगे।
AI के नए करिकुलम को तैयार करने के लिए NCERT ने 16 विशेषज्ञों की एक टेक्स्टबुक डेवलपमेंट कमेटी गठित की है। यह कमेटी नए पाठ्यक्रम का ड्राफ्ट तैयार कर रही है, जिसे अंतिम रूप देकर निर्धारित समय से लागू किया जाएगा।
इसके साथ ही, शिक्षा मंत्रालय ने AI शिक्षा को शुरुआती कक्षाओं तक भी विस्तार देने का निर्णय लिया है। मंत्रालय और CBSE अधिकारियों के बीच हुई बैठक के बाद यह तय किया गया है कि शैक्षणिक सत्र 2026-27 से कक्षा 3 से 8 तक के छात्रों को भी AI शिक्षा दी जाएगी। इसका उद्देश्य छात्रों को शुरुआती स्तर से ही नई तकनीक और डिजिटल कौशल से परिचित कराना है।
शिक्षा मंत्रालय का मानना है कि AI शिक्षा से छात्रों को भविष्य की तकनीकी चुनौतियों के लिए तैयार करने में मदद मिलेगी और वे डिजिटल युग की आवश्यकताओं के अनुरूप कौशल विकसित कर सकेंगे।


