तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने राज्यपाल आरएन रवि के साथ जारी विवाद के बीच कड़ा बयान दिया है। सीएम स्टालिन ने कहा कि तमिलनाडु के लोगों और उनकी सरकार को किसी से भी राष्ट्रवाद का पाठ पढ़ाने की आवश्यकता नहीं है। उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्य हमेशा से देश की एकता, अखंडता और लोकतांत्रिक मूल्यों के साथ मजबूती से खड़ा रहा है।
मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि संवैधानिक पद पर बैठे व्यक्ति को राजनीति से ऊपर उठकर कार्य करना चाहिए, लेकिन हाल के बयानों और गतिविधियों से टकराव की स्थिति पैदा हो रही है। स्टालिन ने कहा कि उनकी सरकार संविधान के दायरे में रहकर जनहित में काम कर रही है और किसी भी तरह के दबाव या टिप्पणी से अपने सिद्धांतों से पीछे हटने वाली नहीं है।
read also: Smartphone Tips: फोन में नेटवर्क रहता है कमजोर? ये 5 आसान ट्रिक अपनाते ही फुल सिग्नल दिखने लगेगा
गौरतलब है कि राज्यपाल और राज्य सरकार के बीच विधेयकों, प्रशासनिक फैसलों और सार्वजनिक बयानों को लेकर लंबे समय से तनातनी चल रही है। इस मुद्दे पर सीएम स्टालिन का यह बयान राजनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बना हुआ है और आने वाले दिनों में केंद्र-राज्य संबंधों पर बहस को और तेज कर सकता है।


