Milk Boiling Tips: दूध उबलकर गिरने की झंझट से पाएं छुटकारा, ये 3 आसान ट्रिक्स आएंगी काम
दूध गर्म करना लगभग हर घर की रोजमर्रा की जरूरत है, लेकिन गैस पर रखा दूध कब ऊपर उठकर बाहर गिरने लगे, इसका अंदाजा लगाना कई बार मुश्किल हो जाता है। कुछ मिनट की चूक से दूध बर्बाद होता है और गैस स्टोव से लेकर किचन प्लेटफॉर्म तक सफाई करनी पड़ती है। अच्छी बात यह है कि बर्तन का सही चुनाव, आंच पर नियंत्रण और कुछ आसान किचन ट्रिक्स अपनाकर इस परेशानी को काफी हद तक कम किया जा सकता है।
दूध का उबलकर बाहर आना केवल तेज आंच का नतीजा नहीं है। दूध गर्म होने पर उसमें भाप और झाग बनने लगते हैं। दूध में मौजूद प्रोटीन और वसा झाग को स्थिर रखने में भूमिका निभाते हैं। जब भाप झाग के भीतर फंसती है, तो ऊपर की परत तेजी से उठ सकती है। यही वजह है कि दूध कई बार कुछ ही पलों में बर्तन के किनारे तक पहुंच जाता है।
1. बड़ा और गहरा बर्तन चुनें
दूध उबालते समय सबसे पहले बर्तन के आकार पर ध्यान देना चाहिए। जरूरत से छोटा बर्तन इस्तेमाल करने पर दूध के ऊपर उठने के लिए पर्याप्त जगह नहीं बचती। इसलिए ऐसा बर्तन चुनें जिसमें दूध डालने के बाद भी ऊपर काफी खाली जगह रहे।
बर्तन को पूरा भरने से बचें। ज्यादा दूध गर्म करना हो, तो छोटे बर्तन में एक साथ भरने के बजाय उचित आकार का गहरा बर्तन इस्तेमाल करना बेहतर है। इससे दूध के ऊपर उठने पर उसके तुरंत बाहर आने की आशंका कम हो सकती है।
यह तरीका खास तौर पर उन घरों में उपयोगी है जहां सुबह चाय, नाश्ते या बच्चों के लिए दूध तैयार करते समय रसोई में कई काम एक साथ होते हैं।
2. बर्तन के अंदरूनी किनारे पर थोड़ा तेल लगाएं
एक आम घरेलू उपाय यह है कि दूध डालने से पहले बर्तन के अंदरूनी ऊपरी किनारे पर बहुत हल्की तेल की परत लगा दी जाए। कुछ परिस्थितियों में यह झाग को किनारे तक पहुंचने से रोकने में मदद कर सकती है, लेकिन इसका असर हर बर्तन और हर तरह के दूध में एक जैसा नहीं होता।
इसलिए इसे पक्का समाधान न समझें। तेल की मात्रा बहुत कम रखें और दूध की गुणवत्ता या स्वाद पर असर पड़ने की आशंका हो, तो इस उपाय को छोड़ सकते हैं। सबसे जरूरी बात यह है कि तेल लगाने के बाद भी दूध को बिना निगरानी गैस पर न छोड़ें।
3. लकड़ी का चम्मच रखें, लेकिन सावधानी के साथ
दूध उबालने के दौरान बर्तन के ऊपर लकड़ी का चम्मच या स्पैटुला रखने का उपाय भी कई रसोइयों में अपनाया जाता है। इससे झाग के व्यवहार पर कुछ असर पड़ सकता है, लेकिन यह दूध को बाहर गिरने से रोकने का भरोसेमंद तरीका नहीं है।
अगर दूध तेजी से ऊपर उठ रहा हो, बर्तन छोटा हो या आंच बहुत तेज हो, तो चम्मच रखने के बावजूद दूध बाहर आ सकता है। इसलिए इसे मुख्य उपाय की जगह अतिरिक्त सावधानी के तौर पर ही देखें।
दूध उबालते समय ये गलतियां न करें
दूध को संभालने का सबसे प्रभावी तरीका है उसकी गर्मी और उफान पर ध्यान देना। कुछ छोटी आदतें इस काम को आसान बना सकती हैं।
- मध्यम आंच से शुरुआत करें: बहुत तेज आंच पर दूध तेजी से गर्म हो सकता है और अचानक ऊपर उठ सकता है।
- दूध को बीच-बीच में चलाएं: इससे बर्तन के तले पर दूध के जमने या चिपकने की आशंका कम करने में मदद मिलती है।
- उफान आते ही आंच कम करें: दूध ऊपर उठने लगे तो तुरंत गैस धीमी करें या जरूरत पड़ने पर बर्तन को सुरक्षित तरीके से आंच से हटा दें।
- टाइमर लगाएं: अगर दूध गर्म करते समय दूसरे काम करने पड़ते हैं, तो मोबाइल में छोटा रिमाइंडर लगा लें।
- गैस के पास रहें: टाइमर भी प्रत्यक्ष निगरानी का विकल्प नहीं है। दूध कुछ ही क्षणों में उफन सकता है।
क्या इन ट्रिक्स से दूध कभी नहीं गिरेगा?
नहीं। बड़ा बर्तन, हल्का तेल और लकड़ी का चम्मच दूध को संभालने में मदद कर सकते हैं, लेकिन इनमें से कोई भी तरीका दूध को बाहर गिरने से पूरी तरह नहीं रोकता। असल में सबसे ज्यादा फर्क बर्तन में उपलब्ध खाली जगह, आंच की तीव्रता और समय पर प्रतिक्रिया देने से पड़ता है।
यह बात गैस की सुरक्षा के लिहाज से भी महत्वपूर्ण है। दूध गिरने से बर्नर गंदा हो सकता है और सफाई का काम बढ़ सकता है। इसलिए दूध उबालते समय ध्यान हटाने के बजाय पहले से तैयारी करना ज्यादा उपयोगी है।




