1 अगस्त 2026 से बैंक अकाउंट ओपन करना, बीमा पॉलिसी लेना या फिर किसी भी प्लेटफॉर्म से निवेश करना आसान हो गया है. अब KYC प्रोसेस में बड़ा बदलाव हो गया है. 1 अगस्त से Central KYC (CKYC) 2.0 लागू हो गया है. अब आपको हर बार पैन कार्ड, आधार कार्ड या एड्रैस प्रूफ देने की जरूरत नहीं होगी. इस सिस्टम के तहत, वेरिफाइड KYC जानकारी का इस्तेमाल अलग-अलग फाइनेंशियल संस्थानों में दोबारा किया जा सकेगा. उम्मीद है कि म्यूचुअल फंड, ब्रोकर और मार्केट के दूसरे इंटरमीडियरी भी धीरे-धीरे इस फ्रेमवर्क से जुड़ेंगे.
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क्या है सेंट्रल KYC (CKYC) 2.0
CKYC 2.0 के तहत, ग्राहकों को हर बार किसी नए फाइनेंशियल इंस्टीट्यूशन के पास जाने पर शुरू से KYC प्रोसेस शुरू करने की ज़रूरत नहीं होगी. नया सिस्टम KYC को बार-बार डॉक्यूमेंट जमा करने की प्रक्रिया से बदलकर सहमति-आधारित वेरिफिकेशन प्रोसेस में बदल देता है. माने एक
सेंट्रलाइज डेटा सेंटर जहां आपसे जुड़ी जरूरी जानकारी मसलन आधार, पैन वगैरा सेव रहेगी. एक बार जब किसी ग्राहक का KYC रिकॉर्ड सेंट्रल रजिस्ट्री में सेव होगा तो उसके बाद सिर्फ 14-अंकों वाला CKYC नंबर शेयर करना होगा. आपके मोबाइल पर आई OTP शेयर करते ही संबंधित संस्थान पहचान से जुड़े सारे दस्तावेज़ इसी सिस्टम से वेरिफाई कर लेगा. CKYC 2.0 आने से उन ग्राहकों के लिए बार-बार डॉक्यूमेंट अपलोड करने की ज़रूरत कम हो सकती है जो बैंकिंग, इंश्योरेंस या इन्वेस्टमेंट से जुड़े काम संभालते हैं.
कैसे रजिस्टर करें (CKYC) 2.0 के लिए
आपको कुछ करने की जरूरत नहीं अगर आपका डेटा वर्तमान वाले KYC सर्वर में है तो. माने जो आपने आजतक कोई बैंक अकाउंट ओपन नहीं किया या कभी कोई पॉलिसी नहीं ली तो अलग बात है, नहीं तो आपका 14 अंकों CKYC नंबर पहले से ही सर्वर में होगा. आपके बैंक से लेकर बीमा कंपनी ने ये नंबर आपसे शेयर भी किया होगा. अगर नहीं मिल रहा तो अपने बैंक या पॉलिसी के ऐप में जाकर इसे देख सकते हैं. CKYC के मोबाइल नंबर 7799022129 पर मिस्ड कॉल देकर या DigiLocker से भी इसे डाउनलोड किया जा सकता है. अगस्त से कोई भी नया अकाउंट ओपन करने पर यही नंबर शेयर करने से कई सारे कागज-पत्री जमा करने से मुक्ति मिल जाएगी.
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दो बातों का ध्यान रखें. पहली, CKYC सिर्फ आपके पहचान की पुष्टि करता है. बैंक या पॉलिसी में डिक्लेरेशन, नॉमिनेशन, रिस्क प्रोफ़ाइलिंग, बैंक मैंडेट का प्रोसेस पहले जैसे ही रहेगा. दूसरी बात, सारे कागज पत्रों में आपका मोबाइल नंबर एक होना चाहिए और वो रजिस्टर भी होना चाहिए



