केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड यानी सीबीएसई के पुनर्मूल्यांकन प्रक्रिया में कथित गड़बड़ी की शिकायतों को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने सख्त रुख अपनाया है। छात्रों और अभिभावकों की ओर से लगातार मिल रही शिकायतों के बाद उन्होंने मामले में विस्तृत रिपोर्ट तलब की है। बताया जा रहा है कि कई छात्रों ने पुनर्मूल्यांकन के बाद अंकों में असामान्य बदलाव और प्रक्रिया में पारदर्शिता की कमी को लेकर सवाल उठाए हैं।
शिक्षा मंत्रालय ने सीबीएसई अधिकारियों से पूरे मामले की जांच कर जल्द रिपोर्ट सौंपने को कहा है। सूत्रों के मुताबिक छात्रों की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए पुनर्मूल्यांकन प्रणाली की समीक्षा भी की जा सकती है। मंत्रालय यह जानना चाहता है कि कहीं मूल्यांकन प्रक्रिया में तकनीकी या मानवीय त्रुटियां तो नहीं हुईं।
इस मामले के सामने आने के बाद छात्रों और अभिभावकों में चिंता का माहौल है। वहीं शिक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि परीक्षा और पुनर्मूल्यांकन प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखना बेहद जरूरी है, ताकि छात्रों का भरोसा कायम रहे। अब सभी की नजर सीबीएसई की रिपोर्ट और सरकार की अगली कार्रवाई पर टिकी हुई है।


