Aryatara Shakya: नेपाल अपनी अनूठी सांस्कृतिक धरोहर और परंपराओं के लिए पूरी दुनिया में प्रसिद्ध है। इन्हीं परंपराओं में से एक है कुमारी प्रथा, जिसमें छोटी बच्चियों को जीवित देवी मानकर पूजा जाता है। हाल ही में काठमांडू की दो साल की बच्ची आर्यतारा शाक्य को नई कुमारी चुना गया है। नेपाल में कुमारी को देवी तलेजु का अवतार माना जाता है और उन्हें सम्मान, श्रद्धा और पूजन की दृष्टि से देखा जाता है। आर्यतारा शाक्य के चयन ने एक बार फिर इस प्राचीन परंपरा को चर्चा में ला दिया है। आइए जानते हैं कौन हैं आर्यतारा शाक्य, क्या है कुमारी प्रथा और कैसे एक छोटी बच्ची नेपाल की जीवित देवी बनती है।
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नेपाल की कुमारी प्रथा सदियों पुरानी धार्मिक और सांस्कृतिक परंपरा है। इसमें बौद्ध और हिंदू मान्यताओं का संगम है। कुमारी को देवी *तलेजु भवानी* का अवतार माना जाता है। जब तक बच्ची यौवन अवस्था तक नहीं पहुंचती, तब तक उसे जीवित देवी मानकर पूजा जाता है।
कैसे चुनी जाती है कुमारी?
आर्यतारा शाक्य का जीवन कुमारी बनने के बाद
कुमारी परंपरा का महत्व


