बॉक्स ऑफिस पर फिल्मों की जंग! ‘द पैराडाइज’ की मजबूत पकड़, ‘द वन’ की शुरुआत धीमी; ‘हनुमान अंश’ अब भी बरकरार
मुंबई। सितंबर के आखिरी शुक्रवार ने सिनेमाघरों में फिल्मों के बीच मुकाबला और दिलचस्प कर दिया। एक तरफ सिद्धार्थ मल्होत्रा और तमन्ना भाटिया की ‘द वन’ ने नई शुरुआत की, तो दूसरी ओर एक दिन पहले रिलीज हुई ‘द पैराडाइज’ ने पहले ही दिन से मजबूत पकड़ बना ली। इनके सामने पहले से दर्शकों की पसंद बनी हुई ‘मिर्जापुर द मूवी’ और ‘हनुमान अंश’ जैसी फिल्मों की चुनौती भी कायम है।
बॉक्स ऑफिस पर तस्वीर यह बता रही है कि सिर्फ स्टारकास्ट या बड़े नाम से फिल्म की ओपनिंग तय नहीं होती। दर्शकों की पसंद, कहानी का जॉनर, स्क्रीन की संख्या और शुरुआती वीकेंड का वर्ड ऑफ माउथ कमाई की दिशा बदलने में बड़ी भूमिका निभाते हैं।
‘द पैराडाइज’ ने बनाई मजबूत बढ़त
श्रीकांत ओडेला के निर्देशन में बनी ‘द पैराडाइज’ ने रिलीज के दूसरे दिन भी अच्छा कारोबार किया। फिल्म ने पेड प्रीव्यू से पहले ही 11.60 करोड़ रुपये जुटा लिए थे। इसके बाद ओपनिंग डे पर करीब 34.65 करोड़ रुपये नेट का कलेक्शन दर्ज किया गया।
रिलीज के दूसरे दिन कमाई में गिरावट जरूर आई और शुरुआती आंकड़ों के मुताबिक फिल्म ने करीब 14.90 करोड़ रुपये नेट कमाए। इसके साथ भारत में दो दिनों का नेट कलेक्शन लगभग 61.15 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है।
दूसरे दिन की गिरावट को केवल नकारात्मक संकेत के तौर पर देखना सही नहीं होगा। बड़ी रिलीज के लिए शनिवार और रविवार का प्रदर्शन यह बताता है कि फिल्म ने शुरुआती दर्शकों के बाहर कितनी व्यापक पकड़ बनाई है।
‘द वन’ की शुरुआत उम्मीद से धीमी
सिद्धार्थ मल्होत्रा और तमन्ना भाटिया स्टारर ‘द वन’ को लेकर रिलीज से पहले चर्चा थी, लेकिन शुरुआती बॉक्स ऑफिस आंकड़े फिल्म को अभी मजबूत स्थिति में नहीं दिखाते।
सैकनिल्क के शुरुआती ट्रेंड के अनुसार फिल्म ने पहले दिन भारत में करीब 8 करोड़ रुपये नेट कमाए, जबकि इसका ग्रॉस कलेक्शन लगभग 9.60 करोड़ रुपये रहा।
फिल्म के लिए अब सबसे महत्वपूर्ण शनिवार और रविवार होंगे। हॉरर-माइथोलॉजिकल जॉनर में बनी फिल्म यदि दर्शकों के बीच सकारात्मक चर्चा बनाने में सफल होती है, तो वीकेंड में कमाई बढ़ सकती है। वहीं कमजोर वर्ड ऑफ माउथ होने पर नई रिलीज के बीच स्क्रीन और दर्शकों का दबाव बढ़ सकता है।
‘मिर्जापुर द मूवी’ पर नई फिल्मों का असर
नई फिल्मों की भीड़ का असर ‘मिर्जापुर द मूवी’ के कारोबार पर दिखाई देने लगा है। रिलीज के 22वें दिन यानी चौथे शुक्रवार को फिल्म ने शुरुआती आंकड़ों के अनुसार करीब 1 करोड़ रुपये नेट कमाए।
इसके साथ भारत में फिल्म का कुल नेट कलेक्शन लगभग 223.80 करोड़ रुपये हो गया है।
किसी फिल्म के चौथे सप्ताह में करोड़ रुपये के आसपास दैनिक कलेक्शन बनाए रखना उसके लंबे समय तक दर्शकों को जोड़े रखने की ओर इशारा करता है। हालांकि नई फिल्मों के बढ़ते शो के कारण आने वाले दिनों में इसकी स्क्रीन हिस्सेदारी पर असर पड़ सकता है।
‘हनुमान अंश’ की लंबी रेस अब भी जारी
इस पूरे बॉक्स ऑफिस मुकाबले में सबसे अलग प्रदर्शन ‘हनुमान अंश’ का है। फिल्म रिलीज के 50वें दिन यानी आठवें शुक्रवार तक भी करोड़ों में कमाई करती दिखाई दे रही है।
शुरुआती आंकड़ों के मुताबिक फिल्म ने 50वें दिन करीब 3.35 करोड़ रुपये नेट कमाए। इसके साथ भारत में इसकी कुल नेट कमाई लगभग 291.53 करोड़ रुपये बताई गई है।
यह प्रदर्शन इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि आम तौर पर नई फिल्मों की लगातार रिलीज के साथ पुरानी फिल्मों के शो और दर्शक दोनों कम होने लगते हैं। इसके बावजूद ‘हनुमान अंश’ का कारोबार यह संकेत देता है कि फिल्म ने अपने दर्शक वर्ग में मजबूत पकड़ बना रखी है।
‘दायरा’ और ‘वाइब’ की रफ्तार कमजोर
दूसरे सप्ताह में पहुंच चुकी ‘दायरा’ के लिए बॉक्स ऑफिस तस्वीर चुनौतीपूर्ण बनी हुई है। फिल्म ने पहले सप्ताह में करीब 6.30 करोड़ रुपये कमाए थे। आठवें दिन इसकी दैनिक कमाई लगभग 0.13 करोड़ रुपये नेट रही। इसके बाद कुल नेट कलेक्शन करीब 6.43 करोड़ रुपये हो गया।
वहीं ‘वाइब’ ने पहले सप्ताह में लगभग 11.25 करोड़ रुपये कमाए। आठवें दिन फिल्म की कमाई शुरुआती आंकड़ों में करीब 0.85 करोड़ रुपये नेट रही, जिससे कुल कलेक्शन लगभग 12.10 करोड़ रुपये तक पहुंच गया।
दोनों फिल्मों के आंकड़े बताते हैं कि दूसरे सप्ताह में दर्शकों को बनाए रखना नई रिलीज के बीच कितना मुश्किल हो सकता है।
असली मुकाबला अब वीकेंड में
शुक्रवार के आंकड़े बॉक्स ऑफिस की पूरी तस्वीर नहीं बताते। खासकर नई फिल्मों के मामले में शनिवार और रविवार की कमाई यह तय करने में महत्वपूर्ण होती है कि फिल्म शुरुआती चर्चा से आगे निकलकर स्थायी दर्शक बना पाती है या नहीं।
इस समय बॉक्स ऑफिस पर तीन अलग-अलग तस्वीरें दिखाई दे रही हैं—‘द पैराडाइज’ मजबूत शुरुआत के बाद अपनी पकड़ बनाए रखने की कोशिश में है, ‘द वन’ को वीकेंड में रफ्तार बढ़ाने की जरूरत है और ‘हनुमान अंश’ जैसी पुरानी फिल्म लंबी दौड़ में अपनी मौजूदगी दर्ज करा रही है।



