ल्हासा। चीन के तिब्बत स्वायत्त क्षेत्र में रविवार तड़के भूकंप के हल्के झटके महसूस किए गए। शुरुआती जानकारी के मुताबिक भूकंप की तीव्रता रिक्टर स्केल पर 3.0 दर्ज की गई और झटके तड़के करीब 2:12 बजे महसूस हुए। प्रारंभिक रिपोर्टों में फिलहाल किसी बड़े जान-माल के नुकसान की सूचना सामने नहीं आई है। भूकंप का सटीक केंद्र, गहराई और आसपास के क्षेत्रों में इसकी तीव्रता से जुड़ी विस्तृत आधिकारिक जानकारी का इंतजार है।
तिब्बत में महसूस हुए भूकंप के झटके
रविवार की सुबह आए इस भूकंप की तीव्रता 3.0 बताई गई है। इतनी कम तीव्रता के भूकंप में आमतौर पर बड़े स्तर पर नुकसान की संभावना कम रहती है, हालांकि किसी भी भूकंप के बाद स्थानीय परिस्थितियों के आधार पर स्थिति अलग हो सकती है। खासकर पर्वतीय इलाकों में कमजोर संरचनाओं, चट्टानों और भूस्खलन की संभावनाओं को देखते हुए प्रशासन की सतर्कता महत्वपूर्ण रहती है।
तिब्बत हिमालयी क्षेत्र के निकट स्थित होने के कारण भूकंपीय गतिविधियों के लिहाज से संवेदनशील इलाकों में आता है। यहां समय-समय पर अलग-अलग तीव्रता के भूकंप दर्ज किए जाते रहे हैं। रविवार को आए इस हल्के झटके के बाद भी स्थानीय स्तर पर स्थिति पर नजर रखना जरूरी है।
फिलहाल बड़े नुकसान की सूचना नहीं
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार भूकंप के बाद किसी बड़े जान-माल के नुकसान की पुष्टि नहीं हुई है। किसी व्यक्ति के घायल होने, इमारतों को नुकसान पहुंचने या अन्य बड़े नुकसान की आधिकारिक जानकारी फिलहाल सामने नहीं आई है। संबंधित स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन एजेंसियां स्थिति का आकलन कर सकती हैं तथा किसी संभावित नुकसान की जानकारी बाद में सामने आ सकती है।
पर्वतीय क्षेत्रों में भूकंप के बाद कुछ स्थानों पर चट्टानें गिरने या भूस्खलन जैसी स्थिति उत्पन्न हो सकती है। इसलिए स्थानीय लोगों को विशेष रूप से पहाड़ी ढलानों, कमजोर इमारतों और अन्य संवेदनशील स्थानों के आसपास सावधानी बरतने की जरूरत होती है। किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय प्रशासन की ओर से जारी निर्देशों का पालन करना चाहिए।
भूकंप के दौरान क्या सावधानी रखें?
भूकंप के झटके महसूस होने पर घबराने के बजाय सुरक्षित स्थान पर रहना सबसे जरूरी है। घर के अंदर मौजूद लोगों को खिड़कियों, कांच, भारी अलमारियों और ऐसी वस्तुओं से दूर रहना चाहिए जो गिर सकती हैं। संभव हो तो मजबूत टेबल या फर्नीचर के नीचे जाकर सिर और गर्दन को सुरक्षित रखना चाहिए।
अगर आप बाहर हैं तो इमारतों, बिजली के खंभों, पेड़ों और अन्य ऐसी संरचनाओं से दूरी बनाए रखना बेहतर है जिनके गिरने का खतरा हो। वाहन चला रहे लोगों को सुरक्षित स्थान देखकर गाड़ी रोकनी चाहिए और पुल, ओवरब्रिज या कमजोर संरचनाओं के नीचे वाहन खड़ा करने से बचना चाहिए। झटके बंद होने के बाद भी आफ्टरशॉक की संभावना को देखते हुए सावधानी बरतनी चाहिए।
अफवाहों से बचें, आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करें
भूकंप जैसी प्राकृतिक आपदा के बाद सोशल मीडिया पर कई तरह की अपुष्ट सूचनाएं तेजी से फैल सकती हैं। ऐसे में लोगों को भूकंप की तीव्रता, नुकसान या अन्य परिस्थितियों को लेकर किसी भी जानकारी को साझा करने से पहले उसके स्रोत की पुष्टि करनी चाहिए।
फिलहाल तिब्बत में आए 3.0 तीव्रता के भूकंप को लेकर किसी बड़े नुकसान की पुष्टि नहीं हुई है। भूकंप के केंद्र, गहराई और प्रभावित क्षेत्र से जुड़ी आधिकारिक जानकारी सामने आने के बाद स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी।
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