पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच ईरान ने युद्धविराम समझौते के कथित उल्लंघन के लिए इस्राइल को जिम्मेदार ठहराया है। ईरानी अधिकारियों ने कहा कि उनका “रणनीतिक सब्र” अब समाप्त हो चुका है और क्षेत्र में जारी घटनाक्रम के लिए इस्राइली कार्रवाई प्रमुख कारण है। ईरान का आरोप है कि लगातार उकसावे वाली गतिविधियों ने क्षेत्रीय शांति और स्थिरता को प्रभावित किया है।
ईरान की ओर से जारी बयान में भारत की भी सराहना की गई। ईरानी अधिकारियों ने कहा कि भारत ने हमेशा संवाद, कूटनीति और शांतिपूर्ण समाधान का समर्थन किया है। उन्होंने क्षेत्रीय विवादों को बातचीत के जरिए सुलझाने की भारत की नीति को सकारात्मक और संतुलित दृष्टिकोण बताया।
विशेषज्ञों का मानना है कि मौजूदा हालात में भारत की भूमिका महत्वपूर्ण हो सकती है, क्योंकि उसके दोनों पक्षों के साथ मजबूत कूटनीतिक संबंध हैं। वहीं, अंतरराष्ट्रीय समुदाय भी क्षेत्र में तनाव कम करने और युद्धविराम को प्रभावी बनाए रखने के प्रयासों पर जोर दे रहा है। बढ़ते घटनाक्रम के बीच वैश्विक स्तर पर स्थिति पर करीबी नजर रखी जा रही है।





