Winter Dry Air Cough: सर्दी का मौसम शुरू होते ही कई लोगों को सर्दी-खांसी की समस्या शुरू हो जाती है. कई मामलों में यह मौसम का असर होता है, लेकिन कई मामलों में यह किसी बीमारी का संकेत हो सकता है. ऐसा तब होता है, जब आपको खांसी के साथ-साथ अन्य समस्या हो, जैसे सीने में दर्द या बलगम की समस्या भी देखन को मिले तब. हालांकि, अगर सर्दी वाला नॉर्मल खांसी है आपको, तो घबराने की जरूरत नहीं. थोड़ी सी देखभाल और सही उपाय अपनाकर आप अपनी सर्दियों वाली खांसी को जल्दी कंट्रोल कर सकते हैं.
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सर्दियों में खांसी क्यों बढ़ती है?
ठंड के मौसम में हमारा ज्यादातर वक्त घर के अंदर ही गुजरता है, हीटर के पास बैठकर. हीटर और सूखी हवा गले और नाक के रास्तों को सुखा देती है. ऐसे में हल्की सी खुजली भी खांसी में बदल जाती है. इसके अलावा सर्दियों की हवा भी काफी ड्राई होती है, जिससे श्वसन तंत्र आसानी से इरिटेट हो जाता है.
सर्दियों में खांसी की आम वजह
अस्थमा– ठंडी हवा और धूल से आसानी से बढ़ जाता है, जिससे सीजन भर सूखी खांसी रह सकती है.
ब्रोंकाइटिस- एयरवेज में सूजन पैदा करता है. क्रॉनिक ब्रोंकाइटिस वाले लोगों को पूरे मौसम तक खांसी रह सकती है.
इन्फेक्शन- फ्लू या फिर निमोनिया, ये गंभीर इंफेक्शन खांसी को लंबे समय तक बनाए रखते हैं.
एलर्जन्स- धूल, फफूंद, पराग आदि ठंडी और सूखी हवा के साथ आसानी से उड़ते हैं और खांसी ट्रिगर कर सकते हैं.
पोस्टनेजल ड्रिप– नाक का म्यूकस रातभर गले में आकर जमा हो जाता है और सुबह खांसी बढ़ा देता है.
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सर्दियों की खांसी के आसान घरेलू उपाय
पानी ज्यादा पिएं– हाइड्रेशन म्यूकस को पतला करता है और गले की जलन कम करता है.
नमक वाले पानी से गरारे- गले को आराम मिलता है और खांसी में राहत मिलती है.
हर्बल टी- अदरक, थाइम, या मार्शमैलो रूट वाली चाय सूजन और खांसी दोनों को शांत करती है.
ह्यूमिडिफायर का इस्तेमाल- कमरे में नमी बढ़ाकर सांस लेने में राहत देता है. चाहें तो यूकेलिप्टस या पुदीने के इसेंसियल ऑयल भी डाल सकते हैं.
स्टीम लें– गर्म भाप म्यूकस को ढीला करती है और खांसी कम करती है.
कब डॉक्टर को दिखाना जरूरी है?
अगर आपकी खांसी कई हफ्तों तक बनी रहे या इन लक्षणों के साथ दिखाई दे, तो जल्द जांच करवानी चाहिए. लक्षणों में-
- हरा या पीला बलगम
- घरघराहट
- बुखार
- सांस लेने में दिक्कत
- अत्यधिक थकान
- बिना वजह वजन कम होना


