सप्ताह के अंतिम कारोबारी सत्र में भारतीय शेयर बाजार में भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिला। दिनभर के उतार-चढ़ाव के बाद बाजार गिरावट के साथ बंद हुआ। प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 116 अंक टूटकर बंद हुआ, जबकि निफ्टी भी महत्वपूर्ण स्तर 23,400 के नीचे फिसल गया। निवेशकों की सतर्कता और वैश्विक बाजारों से मिले मिले-जुले संकेतों का असर घरेलू बाजार पर देखने को मिला।
कारोबार के दौरान बैंकिंग, आईटी और ऑटो सेक्टर के कुछ प्रमुख शेयरों में बिकवाली का दबाव रहा, जिससे बाजार की चाल कमजोर पड़ गई। हालांकि कुछ चुनिंदा शेयरों में खरीदारी देखने को मिली, लेकिन वह बाजार को संभालने के लिए पर्याप्त नहीं रही। विशेषज्ञों का कहना है कि वैश्विक आर्थिक संकेतकों, विदेशी निवेशकों की गतिविधियों और आगामी आर्थिक आंकड़ों पर निवेशकों की नजर बनी हुई है।
बाजार विश्लेषकों के अनुसार, निकट भविष्य में बाजार में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है। निवेशकों को सलाह दी जा रही है कि वे जल्दबाजी में निर्णय लेने के बजाय मजबूत फंडामेंटल वाले शेयरों पर ध्यान दें। आने वाले कारोबारी सत्रों में घरेलू और वैश्विक घटनाक्रम बाजार की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएंगे।


