Sachin Tendulkar family in CG: क्रिकेट के भगवान कहे जाने वाले सचिन तेंदुलकर के परिवार का बिलासपुर दौरा भले ही पूरी तरह गोपनीय रहा, लेकिन वनांचल के ग्रामीणों के दिलों पर इसकी अमिट छाप छूट गई। सचिन की पत्नी अंजलि तेंदुलकर, बेटी सारा तेंदुलकर और बहू सान्या चंडोक ने शहर की चकाचौंध से दूर छत्तीसगढ़ के ग्रामीण परिवेश और स्वास्थ्य सुविधाओं की जमीनी हकीकत को करीब से महसूस किया।
US-Iran Ceasefire: संघर्ष विराम में जीत किसकी? पूर्व राजनयिक बोले— युद्ध का कोई विजेता नहीं

तेंदुलकर परिवार की यह यात्रा मंगलवार को गनियारी स्थित जन स्वास्थ्य केंद्र से शुरू हुई। अगले दिन यह दल अचानकमार टाइगर रिजर्व के वनांचल क्षेत्र में स्थित छपरवा और बम्हनी गांव पहुंचा। यहां तीनों ने किसी वीआईपी प्रोटोकॉल के बजाय एक सामान्य पर्यटक की तरह पैदल भ्रमण किया। ऊबड़-खाबड़ रास्तों पर चलते हुए उन्होंने ग्रामीणों के रहन-सहन और उनकी रोजमर्रा की चुनौतियों को समझा।

गांव की गलियों में जब तेंदुलकर परिवार पहुंचा, तो नजारा बेहद आत्मीय था। सारा तेंदुलकर ने बच्चों के साथ जमीन पर बैठकर बातें कीं और उन्हें खिलौने बांटे। एक ग्रामीण घर में उन्होंने नवजात शिशु को गोद में लेकर दुलार किया, जिसे देख ग्रामीण महिलाएं भावुक हो गईं। स्थानीय सरपंच और ग्रामीणों ने पुष्पगुच्छ देकर उनका पारंपरिक स्वागत किया और क्षेत्र की समस्याओं से भी अवगत कराया।
Supreme Court में PIL: ‘नया आधार कार्ड सिर्फ छह साल तक के बच्चों को मिले’, नियम सख्त करने की मांग



