डिजिटल भुगतान को सुरक्षित बनाने के लिए Reserve Bank of India (RBI) ने नए नियमों की घोषणा की है। इन नियमों के तहत अगर किसी ग्राहक के साथ डिजिटल फ्रॉड होता है तो उसे अधिकतम 50 हजार रुपये तक का मुआवजा मिल सकेगा। यह नियम 1 जुलाई से लागू होंगे। हालांकि इसके लिए जरूरी है कि पीड़ित ग्राहक घटना के पांच दिनों के भीतर बैंक या संबंधित संस्था को इसकी शिकायत दर्ज कराए।
आरबीआई के मुताबिक, डिजिटल ट्रांजैक्शन से जुड़े फ्रॉड के मामलों में ग्राहकों को राहत देने के उद्देश्य से यह व्यवस्था की गई है। यदि ग्राहक तय समय के भीतर शिकायत दर्ज करता है तो बैंक को मामले की जांच कर तय सीमा तक नुकसान की भरपाई करनी होगी। इससे ऑनलाइन भुगतान करने वाले लाखों ग्राहकों को सुरक्षा का भरोसा मिलेगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि डिजिटल लेनदेन तेजी से बढ़ने के साथ साइबर धोखाधड़ी के मामले भी सामने आ रहे हैं। ऐसे में आरबीआई के ये नए नियम ग्राहकों के हित में बड़ा कदम माने जा रहे हैं। साथ ही लोगों को भी सलाह दी गई है कि किसी भी संदिग्ध ट्रांजैक्शन की जानकारी तुरंत बैंक को दें और अपने डिजिटल खातों की सुरक्षा को लेकर सतर्क रहें।


