अक्सर लोग धुंधला दिखने (Blurred Vision) की समस्या को केवल आंखों की कमजोरी या चश्मे के नंबर से जोड़कर नजरअंदाज कर देते हैं। लेकिन विशेषज्ञों के मुताबिक, बार-बार या अचानक धुंधला दिखना कई गंभीर और जानलेवा बीमारियों का संकेत भी हो सकता है। यदि यह समस्या सिरदर्द, चक्कर, उल्टी या शरीर के किसी हिस्से में सुन्नता के साथ हो, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना जरूरी है।
डायबिटीज (मधुमेह) धुंधली नजर का एक बड़ा कारण हो सकता है। ब्लड शुगर का स्तर बढ़ने से रेटिना प्रभावित होती है, जिससे डायबिटिक रेटिनोपैथी जैसी स्थिति पैदा हो सकती है। इसके अलावा हाई ब्लड प्रेशर, स्ट्रोक, ब्रेन ट्यूमर और माइग्रेन जैसी स्थितियों में भी अचानक धुंधला दिखना एक शुरुआती लक्षण हो सकता है। कुछ मामलों में यह ग्लूकोमा या मोतियाबिंद जैसी आंखों की गंभीर बीमारी का संकेत भी हो सकता है।
डॉक्टरों की सलाह है कि अगर धुंधला दिखने की समस्या बार-बार हो रही है या अचानक दृष्टि कम हो रही है, तो इसे हल्के में न लें। नियमित हेल्थ चेकअप, ब्लड शुगर और ब्लड प्रेशर की जांच के साथ-साथ आंखों की समय-समय पर जांच कराना बेहद जरूरी है। समय पर पहचान और इलाज से गंभीर जटिलताओं से बचा जा सकता है।


