नई दिल्ली | ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्लाह अली खामेनेई के निधन को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं। ईरान के सरकारी मीडिया ने उनके निधन की पुष्टि की है। रिपोर्टों के अनुसार, हालिया हमलों में उनके परिवार के कुछ सदस्यों के भी मारे जाने की खबर है।
इसी बीच अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर पोस्ट कर खामेनेई की मौत का दावा किया। उन्होंने इसे ईरान की जनता के लिए “अपने देश को वापस लेने का बड़ा अवसर” बताया। ट्रंप ने कहा कि अमेरिका और इजरायल की संयुक्त रणनीति के तहत यह कार्रवाई की गई।
अपने बयान में ट्रंप ने यह भी कहा कि ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) और अन्य सुरक्षा बलों के भीतर असंतोष की स्थिति है। उन्होंने संकेत दिया कि कुछ अधिकारी संघर्ष नहीं चाहते और सुरक्षा की गारंटी की उम्मीद कर रहे हैं। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी कि स्थिति तेजी से बदल रही है और क्षेत्र में सैन्य कार्रवाई तब तक जारी रह सकती है, जब तक घोषित उद्देश्यों की पूर्ति नहीं हो जाती।
हालांकि, इन घटनाओं को लेकर क्षेत्रीय हालात बेहद संवेदनशील बने हुए हैं। अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजरें ईरान और मध्य पूर्व की बदलती परिस्थितियों पर टिकी हैं। आगे की स्थिति को लेकर आधिकारिक और स्वतंत्र स्रोतों से विस्तृत जानकारी का इंतजार किया जा रहा है।


