दिल्ली के लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास हुए भीषण धमाके ने पूरे देश को हिला कर रख दिया है। इस धमाके के बाद न केवल भारत में सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मचा है बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी कई देशों ने भारत के प्रति एकजुटता दिखाई है।
भारत के पुराने सहयोगी इजरायल ने तुरंत समर्थन जताया, वहीं हैरानी की बात यह रही कि तालिबान ने भी इस घटना की निंदा करते हुए “मानवता के खिलाफ अपराध” बताया। चीन ने भी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि वह इस घटना से “गहराई से स्तब्ध” है।
इजरायल बोला — “भारत अकेला नहीं है”
इजरायल ने सबसे पहले भारत के साथ एकजुटता दिखाते हुए X (पूर्व में ट्विटर) पर बयान जारी किया।
इजरायली विदेश मंत्रालय ने लिखा, “दिल्ली में हुए आतंकवादी हमले की हम कड़ी निंदा करते हैं। इस कठिन समय में इजरायल भारत और उसके लोगों के साथ खड़ा है।” यह बयान इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू की ओर से भी सीधे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भेजा गया। इजरायल ने अपने दूतावासों को भी सतर्क रहने का निर्देश दिया है।
तालिबान का अप्रत्याशित बयान
सबसे चौंकाने वाली प्रतिक्रिया तालिबान सरकार की तरफ से आई।अफगानिस्तान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा, “दिल्ली में निर्दोष लोगों पर हमला इस्लाम और मानवता दोनों के खिलाफ है। अफगानिस्तान इस घटना की कड़ी निंदा करता है।” यह पहली बार है जब तालिबान ने किसी भारतीय आतंकी हमले पर इतनी स्पष्ट भाषा में निंदा की है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह बयान दुनिया के सामने अपनी ‘संवेदनशील छवि’ दिखाने का प्रयास भी हो सकता है।
चीन बोला — “हम गहराई से स्तब्ध हैं”
चीन के विदेश मंत्रालय ने भी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि बीजिंग इस हमले से “शॉक्ड” है और वह भारत सरकार और पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करता है।
चीनी प्रवक्ता लियू झांग ने कहा, “हम आशा करते हैं कि दोषियों को जल्द पकड़ा जाएगा और क्षेत्र में शांति बहाल होगी।” हालांकि, चीन ने यह भी जोड़ा कि आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में “सभी देशों को संयुक्त प्रयास” करने होंगे।
भारत में सुरक्षा कड़ी
धमाके के बाद दिल्ली पुलिस, एनआईए और आईबी की संयुक्त टीमें मौके पर जांच में जुटी हैं। प्रारंभिक रिपोर्ट्स के अनुसार, धमाका कार में रखे अमोनियम नाइट्रेट से हुआ था। इस घटना में अब तक 5 लोगों की मौत और 40 से अधिक घायल बताए जा रहे हैं। पूरे लाल किला क्षेत्र को सील कर दिया गया है और आसपास के मेट्रो स्टेशनों पर अलर्ट जारी किया गया है।
अंतरराष्ट्रीय समर्थन की लहर
अमेरिका, फ्रांस, जापान और ऑस्ट्रेलिया समेत कई देशों ने भी भारत को समर्थन दिया है। अमेरिकी दूतावास ने कहा, “भारत लोकतंत्र और सहिष्णुता का प्रतीक है। आतंकवाद के इस प्रयास को असफल करने में हम भारत के साथ हैं।”


