देश में बढ़ती विमान देरी, उड़ान रद्द होने और हाल के विमान हादसों ने एविएशन सिस्टम पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। एक संसदीय समिति ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि एयर सेफ्टी और ऑपरेशनल सिस्टम में कई स्तरों पर सुधार की जरूरत है। समिति ने सुझाव दिया है कि पूरे मामले की विस्तृत जांच के लिए एक उच्च स्तरीय कमेटी गठित की जाए, ताकि समस्याओं की जड़ तक पहुंचा जा सके।
रिपोर्ट के अनुसार तकनीकी खामियां, स्टाफ की कमी और एयर ट्रैफिक प्रबंधन में दबाव जैसी समस्याएं उड़ानों के संचालन को प्रभावित कर रही हैं। समिति ने Directorate General of Civil Aviation (DGCA) को सुरक्षा मानकों की सख्ती से समीक्षा करने और एयरलाइंस की जवाबदेही तय करने की सिफारिश की है।
read also: Indian Premier League से पहले रायपुर पुलिस सख्त, सट्टेबाजों को चेतावनी – ‘अब नहीं सुधरे तो सीधा जेल’
समिति का मानना है कि यदि समय रहते सुधारात्मक कदम नहीं उठाए गए, तो यात्रियों की सुरक्षा और भरोसे पर असर पड़ सकता है। आने वाले समय में एविएशन सेक्टर में व्यापक सुधार और नई नीतियों की उम्मीद जताई जा रही है।


