पेट्रोल और डीजल की कालाबाजारी पर रोक लगाने के लिए जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। उपायुक्त नेहा सिंह ने संबंधित अधिकारियों को ईंधन के भंडारण, परिवहन और बिक्री पर कड़ी निगरानी रखने के निर्देश दिए हैं। प्रशासन को लगातार मिल रही शिकायतों के बाद यह कदम उठाया गया है, ताकि आम उपभोक्ताओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
उपायुक्त ने अधिकारियों से कहा है कि पेट्रोल पंपों और ईंधन भंडारण स्थलों का नियमित निरीक्षण किया जाए तथा किसी भी प्रकार की अनियमितता मिलने पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। साथ ही अवैध रूप से पेट्रोल-डीजल की खरीद-बिक्री करने वालों के खिलाफ कड़े कानूनी कदम उठाने के निर्देश भी दिए गए हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि कालाबाजारी और जमाखोरी किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
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प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि ईंधन की उपलब्धता और वितरण व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए विशेष निगरानी अभियान चलाया जाएगा। आम नागरिकों से भी अपील की गई है कि यदि कहीं पेट्रोल-डीजल की कालाबाजारी या अवैध बिक्री की जानकारी मिले तो इसकी सूचना तुरंत प्रशासन को दें, ताकि दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जा सके।


