कांग्रेस नेता Shashi Tharoor ने ट्रांसजेंडर संशोधन विधेयक को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने इस विधेयक की कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि यह मौजूदा कानून के मूल सिद्धांतों को ही उलटने का प्रयास करता है। थरूर के मुताबिक, यह संशोधन ट्रांसजेंडर समुदाय के अधिकारों को मजबूत करने के बजाय उन्हें कमजोर कर सकता है, जिससे सामाजिक न्याय की दिशा में किए गए प्रयासों को झटका लग सकता है।
थरूर ने कहा कि ट्रांसजेंडर व्यक्तियों की पहचान और अधिकारों से जुड़े मुद्दों को संवेदनशीलता और समावेशी दृष्टिकोण के साथ देखा जाना चाहिए। उन्होंने आशंका जताई कि प्रस्तावित बदलाव समुदाय की स्वायत्तता और गरिमा पर असर डाल सकते हैं। साथ ही उन्होंने सरकार से अपील की कि इस विधेयक पर व्यापक चर्चा कर सभी हितधारकों की राय को शामिल किया जाए, ताकि कोई भी फैसला संतुलित और न्यायसंगत हो।
इस मुद्दे पर राजनीतिक बहस तेज हो गई है, जहां एक तरफ सरकार इसे सुधारात्मक कदम बता रही है, वहीं विपक्ष इसे अधिकारों में कटौती के रूप में देख रहा है। आने वाले दिनों में संसद में इस विधेयक को लेकर और तीखी चर्चा होने की संभावना है, जिससे ट्रांसजेंडर अधिकारों पर राष्ट्रीय स्तर पर बहस और गहराने के संकेत मिल रहे हैं।


