संसद में पेश आंकड़ों के मुताबिक Indian Railways में नॉन-एसी कोचों की संख्या में बढ़ोतरी की गई है, ताकि आम यात्रियों को किफायती यात्रा सुविधा मिल सके। सरकार ने बताया कि बड़ी संख्या में यात्री अभी भी सस्ती यात्रा को प्राथमिकता देते हैं, इसी को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लिया गया है। इससे खासतौर पर मध्यम और निम्न आय वर्ग के लोगों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है।
सरकार के अनुसार, नॉन-एसी कोचों में यात्रा को सुलभ बनाने के लिए किराए पर 45 प्रतिशत तक सब्सिडी दी जा रही है। यह सब्सिडी यात्रियों को कम किराए में लंबी दूरी तय करने में मदद करती है, जिससे रेलवे आम जनता के लिए सबसे सस्ता और भरोसेमंद परिवहन बना हुआ है। इसके साथ ही यात्रियों की बढ़ती संख्या को देखते हुए इन कोचों की उपलब्धता भी बढ़ाई जा रही है।
संसद में हुई चर्चा के दौरान यह भी कहा गया कि रेलवे का लक्ष्य यात्रियों की सुविधा और वहनीयता के बीच संतुलन बनाए रखना है। नॉन-एसी कोचों में बढ़ोतरी और सब्सिडी नीति इसी दिशा में उठाया गया कदम है, जिससे आम आदमी की यात्रा आसान और किफायती बनी रहे।


