छत्तीसगढ़ विधानसभा का बजट सत्र 23 फरवरी से शुरू होने जा रहा है। इस सत्र में कुल 15 बैठकें प्रस्तावित हैं, जबकि 12 से अधिक विधेयक पेश किए जाने की तैयारी है। इस दौरान धर्मांतरण विधेयक भी सदन में पेश किए जाने की संभावना जताई जा रही है।
प्रदेश के गृह मंत्री विजय शर्मा ने बताया कि बजट सत्र को लेकर सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। उन्होंने कहा कि 24 फरवरी को राज्य का बजट पेश किया जाएगा। साथ ही धर्मांतरण से संबंधित विधेयक पर भी चर्चा चल रही है और संभव है कि इसे भी इस सत्र में पेश किया जाए।
राज्य के विभिन्न जिलों, खासकर आदिवासी क्षेत्रों में धर्मांतरण के मामलों को लेकर लगातार विवाद सामने आ रहे हैं। बस्तर, जशपुर और रायगढ़ सहित कई क्षेत्रों में धर्म परिवर्तन के मामले सामने आए हैं। इसके अलावा दुर्ग, बिलासपुर और रायपुर में भी लोगों पर धर्म परिवर्तन के लिए दबाव बनाने की शिकायतें मिली हैं।
वर्तमान में राज्य में धर्मांतरण प्रक्रिया को लेकर स्पष्ट और सख्त कानूनी प्रावधान नहीं होने के कारण नए विधेयक की आवश्यकता महसूस की जा रही है।
बजट सत्र के पहले दिन राज्यपाल रामेन डेका विधानसभा को संबोधित करेंगे, जिसके साथ ही सत्र की औपचारिक शुरुआत होगी। इससे पहले 22 फरवरी को भाजपा विधायक दल की बैठक भी आयोजित की जाएगी।


