कांग्रेस नेता Mallikarjun Kharge ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर हमला बोलते हुए कहा कि मणिकर्णिका घाट के पुनर्विकास कार्यों के कारण इस ऐतिहासिक और धार्मिक स्थल की मूल पहचान खतरे में है। उन्होंने आरोप लगाया कि घाट की पुरानी संरचनाओं और ऐतिहासिक धरोहर को मिटाकर आधुनिक निर्माण कार्य किए जा रहे हैं, जो वाराणसी की संस्कृति और इतिहास के खिलाफ है। खरगे ने कहा कि यह सिर्फ एक पुनर्विकास नहीं, बल्कि इतिहास को नुकसान पहुंचाने जैसा कदम है।
खरगे ने आगे कहा कि मणिकर्णिका घाट केवल हिंदू धर्म के लिए नहीं बल्कि पूरे देश की सांस्कृतिक धरोहर का हिस्सा है। उन्होंने सरकार से अपील की कि पुनर्विकास योजनाओं में इतिहास और विरासत को सुरक्षित रखने के लिए विशेषज्ञों की सलाह ली जाए और स्थानीय समुदाय की भागीदारी सुनिश्चित की जाए। उनके मुताबिक, इस तरह के कार्यों से धार्मिक भावनाओं पर भी असर पड़ सकता है और लोगों में असंतोष बढ़ सकता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि घाट का पुनर्विकास जरूरी है, लेकिन इसे सावधानी और सांस्कृतिक संरक्षण के साथ करना चाहिए। सरकारी अधिकारियों ने कहा कि विकास कार्यों में सुरक्षा और सौंदर्य दोनों को ध्यान में रखा जाएगा, लेकिन विपक्षी नेताओं के आरोपों ने इस मुद्दे को राजनीतिक बहस का रूप दे दिया है।


