यूनिसेफ की नवीनतम रिपोर्ट के अनुसार भारत गरीबी कम करने के अपने प्रमुख विकास लक्ष्य को हासिल करने की दिशा में मजबूती से आगे बढ़ रहा है। रिपोर्ट बताती है कि देश ने पिछले कुछ वर्षों में बहुआयामी गरीबी में उल्लेखनीय कमी दर्ज की है, जिसका सीधा लाभ बच्चों, महिलाओं और कमजोर समुदायों को मिला है।
यूनिसेफ ने कहा है कि भारत में शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं और पोषण कार्यक्रमों के विस्तार ने गरीबी कम करने की रफ्तार को तेज किया है। विशेष रूप से मातृ-शिशु कल्याण योजनाओं, स्कूल शिक्षा में सुधार और ग्रामीण विकास कार्यक्रमों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
रिपोर्ट में यह भी उल्लेख है कि डिजिटल सेवाओं की उपलब्धता, प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) और सामाजिक सुरक्षा योजनाओं ने गरीब परिवारों तक सहायता को अधिक प्रभावी ढंग से पहुंचाया है। यूनिसेफ ने इन कदमों को “सकारात्मक और टिकाऊ परिवर्तन” बताया है।
संगठन ने भारत की प्रगति की सराहना करते हुए कहा कि यदि यही गति बनी रही तो आने वाले वर्षों में व्यापक स्तर पर गरीबी उन्मूलन का लक्ष्य हासिल किया जा सकता है। साथ ही, यूनिसेफ ने यह भी सुझाव दिया कि शिक्षा, स्वास्थ्य और पोषण पर निरंतर निवेश भारत की विकास गति को और तेज करेगा।
भारत की इस उपलब्धि ने वैश्विक मंच पर भी सकारात्मक संदेश भेजा है कि बड़े पैमाने पर जनसंख्या वाले देशों में भी प्रभावी नीतियों के बल पर गरीबी को तेजी से कम किया जा सकता है।


